दिल्ली पुलिस ने पश्चिमी दिल्ली में अवैध रूप से चल रहे नकली ब्रांडेड कपड़ों की फैक्ट्री का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ब्रांडेड कंपनियों के नाम से अवैध रूप से यह कारोबार चलाया जा रहा था ।
दिल्ली पुलिस की जिला जांच इकाई (DIU) द्वारा यह छापेमारी टोडापुर इलाके में स्थित एक अपर-ग्राउंड प्रिमाइस में किया गया है जहां 1900 से अधिक नकली ब्रांडेड कपड़ों का निर्माण और स्टॉक किया जा रहा था ।
हालांकि पुलिस ने छापेमारी के दौरान मौके से 45 वर्षीय व्यक्ति को गिरफ्तार किया है जिसकि पहचान राजीव नागपाल के रूप में हुआ है ।
पुलिस अधिकारियों ने छापेमारी के दौरान जब्त किए गए कपड़ो के ट्रेडमार्क और कॉपीराइट से जुड़े सभी दस्तावेजो का सत्यापन कर ट्रेड मार्क्स एक्ट, 1999 के तहत आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएं पूरी करने के बाद छापेमारी की योजना बनाई गई ।
यह कार्रवाई 7 जनवरी 2026 को इंस्पेक्टर वंदना कुमारी के नेतृत्व में किया गया इस टीम में उनके साथ सब-इंस्पेक्टर उदयवीर सिंह और हेड कांस्टेबल ऋषिराज शामिल थे ।
पूरी कार्रवाई इंस्पेक्टर DIU/वेस्ट और एसीपी DIU विजय सिंह की निगरानी में संपन्न हुई। छापेमारी के दौरान संबंधित ब्रांड कंपनियों के अधिकृत प्रतिनिधि भी मौजूद रहे ।
छापेमारी के दौरान मौके से पुलिस ने जारा ब्रांड की 1,050 नकली शर्ट, यूएसपीए ब्रांड की 650 नकली शर्ट और लेवाइस स्ट्रॉस एंड कंपनी की 213 नकली शर्ट बरामद कीं। इसके अलावा जांच के लिए प्रत्येक ब्रांड से दो-दो सैंपल लेकर जांच के लिए भेजा गया है ।
फिलहाल इस मामले को लेकर इंद्रपुरी थाना में 7 जनवरी 2026 को आरोपी के खिलाफ ट्रेडमार्क एक्ट 1999 और कॉपीराइट एक्ट 1957 की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है ।
एक फोटो बना कर दो उसमें कपड़ा फैक्ट्री के अंदर पुलिस एक युवक को गिरफ्तार किए हुए दिखना चाहिए



